Tue, 28 Jul 2026
Logo

ब्रेकिंग

IND vs ZIM 3rd T20I: भारत ने तीसरे टी20 में जिम्बाब्वे को 35 रन से हराया, सीरीज 3-0 से की क्लीन स्वीप

Indian Idol 16 Winner : Jyotirmayee Nayak बनीं ‘इंडियन आइडल 16’ की विजेता, ट्रॉफी के साथ जीता लाखों का कैश प्राइज

वाराणसी के स्कूल में मासूम संग हैवानियत! टॉयलेट करने पर नर्सरी छात्र का प्राइवेट पार्ट गर्म चाकू से जलाने का आरोप

CJP आंदोलन का असर देख नेपाल सरकार के हाथ-पांव फूले, त्रिभुवन यूनिवर्सिटी पेपर लीक मामले पर दी सफाई

फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर अरबों की ठगी ! 10 राज्यों से छत्तीसगढ़ पहुंचे 100 से अधिक निवेशक....

तेजस्वी ने CM सम्राट चौधरी को बताया सड़क छाप अपराधी, बोले- छात्रों पर चलवाई AK-47 से गोली

EPFO 3.0 Update : UPI से PF क्लेम के लिए करना होगा थोड़ा और इंतजार, नए पोर्टल की तकनीकी दिक्कतों से टली सुविधा

तेज रफ्तार का कहर: थार ने टक्कर के बाद बाइक को चार किलोमीटर तक घसीटा, कई लोग बाल-बाल बचे, एक युवक गंभीर रूप से घायल

नीट पेपर लीक केस में पहले दिन ही टली फास्ट ट्रैक कोर्ट की सुनवाई, कार्यवाही 3 अगस्त तक स्थगित

रिलेशनशिप में धोखा! आशिक ने दी मौत की सजा, पुलिस ने किया गिरफ्तार

सूचना

उत्तर प्रदेश न्यूज़ : सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में चंदा चोरी की जांच! कांग्रेस ने की डिमांड, ट्रस्ट और केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप

Abhyuday Bharat News / Sun, Jul 12, 2026 / Post views : 95

Share:

वाराणसी. कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. रागिनी नायक ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कथित चढ़ावा और चंदा अनियमितताओं की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में स्वतंत्र जांच की मांग की है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर निर्माण में देशभर के करोड़ों श्रद्धालुओं ने आस्था के साथ योगदान दिया, इसलिए किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता उनकी धार्मिक भावनाओं के साथ विश्वासघात है.

शनिवार को वाराणसी में आयोजित एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान डॉ. रागिनी नायक ने कहा कि ट्रस्ट के गठन से लेकर भूमि पूजन, शिलान्यास, प्राण-प्रतिष्ठा और उद्घाटन तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रमुख भूमिका रही है. ऐसे में यदि ट्रस्ट के कामकाज पर सवाल उठ रहे हैं तो प्रधानमंत्री को भी इस मामले में सार्वजनिक रूप से जवाब देना चाहिए. उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रस्ट में हुई कथित अनियमितताओं के मामले में केवल छोटे कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा रही है, जबकि शीर्ष पदों पर बैठे लोगों की जवाबदेही तय नहीं की गई।

कांग्रेस प्रवक्ता ने दावा किया कि एसआईटी की अंतरिम रिपोर्ट के बाद ट्रस्ट के कुछ पदाधिकारियों के इस्तीफे स्वीकार किए गए हैं और बड़े आयोजनों के खर्चों की भी जांच की जा रही है. उन्होंने प्राण-प्रतिष्ठा समारोह, ध्वजारोहण कार्यक्रम और श्रद्धालुओं से प्राप्त चढ़ावे के आंकड़ों को लेकर सवाल उठाए और कहा कि पूरे मामले का फोरेंसिक ऑडिट कराया जाना चाहिए.

कांग्रेस ने इस मामले में पांच प्रमुख मांगें रखीं. इनमें प्रधानमंत्री से सार्वजनिक जवाब, ट्रस्ट के जिम्मेदार पदाधिकारियों के खिलाफ एफआईआर और गिरफ्तारी, सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में स्वतंत्र न्यायिक जांच, वर्तमान ट्रस्ट को भंग कर नया पारदर्शी ट्रस्ट गठित करना और चंदे, चढ़ावे, भूमि खरीद और खर्चों का पूर्ण फोरेंसिक ऑडिट शामिल है. डॉ. रागिनी नायक ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को श्रद्धालुओं की आस्था और जवाबदेही से जुड़ा विषय मानती है और दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई की मांग करती है।

Tags :

#breking news

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts